ग्रामीण युवाओं एवं महिलाओं हेतु रोजगारोन्मुखी कौशल विकास
खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग (KVIC), वस्त्र मंत्रालय (DC Handicrafts), एवं राजस्थान सरकार के सहयोग से 7+ जिलों में सिलाई, आधुनिक इलेक्ट्रिक चाक पोट्री, कंप्यूटर एकाउंटिंग, काष्ठ शिल्प व प्लंबिंग में 4,500+ युवाओं को आत्मनिर्भर बनाया गया है।
80% व्यावहारिक प्रशिक्षण • 100% निःशुल्क व्यावसायिक टूल-किट • सरकारी प्रमाण पत्र

20-मशीन औद्योगिक सिलाई एवं परिधान निर्माण लैब (बीकानेर)
खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग (KVIC) एवं एमएसएमई मंत्रालय के संयुक्त तत्वावधान में संचालित
सरकारी योजनाओं से संबद्ध रोजगारपरक व्यावसायिक पाठ्यक्रम
प्रत्येक ट्रेड में 80% प्रायोगिक अभ्यास, निःशुल्क टूल-किट एवं स्थानीय बाजार आर्डर लिंकेज की सुविधा है।

औद्योगिक परिधान निर्माण एवं उन्नत सिलाई प्रशिक्षण (20-मशीन लैब)
खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग (KVIC), राज्य कार्यालय बीकानेर

कुम्हार सशक्तिकरण योजना - विद्युत चालित चाक वितरण व आधुनिक पोट्री
केवीआईसी (सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय, भारत सरकार)

उन्नत टूलकिट वितरण एवं आधुनिक काष्ठ शिल्प कार्यशाला (50 शिल्पकार)
आईटीडीपी एवं वस्त्र मंत्रालय, भारत सरकार

प्रमाणित व्यावसायिक प्लंबर टूल-किट प्रशिक्षण कार्यक्रम
खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग (KVIC), बीकानेर

कंप्यूटर एप्लीकेशन, टैली प्राइम एवं सहकारी बैंकिंग संचालन प्रशिक्षण
नागौर सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड एवं ग्राम सेवा सहकारी समितियां

स्वरोजगार ब्यूटी पार्लर, ब्राइडल मेकअप एवं हर्बल वेलनेस प्रशिक्षण
महिला अधिकारिता निदेशालय (महिला एवं बाल विकास विभाग)

पारंपरिक हस्तशिल्प डिजाइन व तकनीकी विकास कार्यशाला (Pehchan Card)
विकास आयुक्त (हस्तशिल्प), वस्त्र मंत्रालय, भारत सरकार

नवजीवन योजना - सम्मानजनक वैकल्पिक आजीविका एवं माइक्रो-एंटरप्राइज
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, राजस्थान सरकार
नामांकन से लेकर स्थायी रोजगार व स्वरोजगार तक की संपूर्ण यात्रा
हम केवल प्रशिक्षण नहीं देते, बल्कि सरकारी टूलकिट, मुद्रा लोन और बाजार ऑर्डर्स से जोड़कर स्थायी आजीविका सुनिश्चित करते हैं।
ग्रामीण मोबिलाइजेशन एवं योग्यता आधारित ट्रेड चयन
ग्राम पंचायत स्तर पर सर्वेक्षण कर बेरोजगार युवाओं, स्वयं सहायता समूह की महिलाओं व शिल्पियों की रुचि अनुसार सही ट्रेड का चयन।
80% व्यावहारिक प्रशिक्षण एवं आधुनिक मशीनों पर अभ्यास
20 आधुनिक सिलाई मशीनों, विद्युत चाक व कंप्यूटर लैब में विशेषज्ञ मास्टर शिल्पकारों द्वारा व्यावहारिक व गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण।
शासकीय मूल्यांकन, प्रमाण पत्र एवं निःशुल्क टूल-किट
संबंधित विभाग द्वारा परीक्षा, वैध सरकारी प्रमाण पत्र वितरण एवं घर पर तुरंत कार्य प्रारंभ करने हेतु टूल-किट उपलब्ध कराना।
मुद्रा लोन लिंकेज, समूह क्लस्टर एवं स्थायी बाजार आपूर्ति
प्रधानमंत्री मुद्रा लोन/PMEGP से पूंजी सहायता, उत्पादक क्लस्टर निर्माण एवं स्थानीय व्यापारियों व मेलों से थोक ऑर्डर्स की व्यवस्था।
राजस्थान के विभिन्न जिलों में स्थापित प्रशिक्षण केंद्र एवं सुविधाएं
प्रत्येक जिले में स्थानीय आवश्यकताओं और पारंपरिक कलाओं के अनुरूप विशेष केंद्र संचालित किए जा रहे हैं।
नागौर (केंद्रीय कौशल हब)
20-मशीन आधुनिक गारमेंट लैब एवं वस्त्र मंत्रालय अनुमोदित काष्ठ कला कार्यशाला केंद्र।
बीकानेर (ग्रामोद्योग केंद्र)
80+ विद्युत चाक वितरण का मुख्य केंद्र एवं पुनर्वासित मरीजों हेतु व्यावसायिक प्रशिक्षण।
प्रतापगढ़ (जनजातीय केंद्र)
धरियावद वृत्त में जनजातीय महिलाओं को सिलाई मशीनों से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाने का अभियान।
हनुमानगढ़ (नोहर व रावतसर)
महिला सुरक्षा केंद्रों से जुड़े परिवारों को आजीविका संबल देने हेतु संचालित कौशल केंद्र।
चूरू (रतनगढ़ केंद्र)
ग्रामीण कुम्हार परिवारों को आधुनिक चाक एवं टेराकोटा कला में प्रशिक्षित करने का क्लस्टर।
डीडवाना-कुचामन
सहकारी बैंक शाखाओं हेतु प्रशिक्षित कंप्यूटर ऑपरेटर्स व बैंकिंग सहायकों का प्रशिक्षण।
सिलाई लैब, इलेक्ट्रिक चाक, प्लंबर व काष्ठ शिल्प कार्यशालाएं
सरकारी प्रगति रिपोर्टों (2023-24 एवं 2024-25) से प्रमाणित 29 वास्तविक कौशल कार्यशाला छायाचित्र
